Daily Calendar

रविवार, 8 सितंबर 2013



इतनी मर्दन हुई मेरे जख्म को की अब ये भी शिथिल गयी
आखियों में भी अब नमी नहीं जो अश्क बनके अपनी दर्द को बयां करे!
करके लाख कोशिश, इस भ्रष्ट तंत्र में खुद को ना बचा पाया,
अब सांसे पर कर लगा दिए, गिन गिन कर आखिर कब तक जीया करे !!!


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें